रामदेव का हिंसक योगा

हठ योगा, सहज योगा, हॉट योगा – ये सब तो खूब सुना गया है और यूट्यूब पर देखा भी गया है. लेकिन, मार्केट में अब एक नया योगा आया है – हिंसक योगा.

अब ‘योग गुरु’ व ‘पतंजलि चीफ’ बाबा रामदेव ये भी बता दें कि इस नए योगा के लिए कौन-कौन से आसन करने पड़ते हैं? क्योंकि दुनियाभर के सैनिकों में जोश भरने के लिए सरकारें इसे शुरू कर सकती हैं.

योग की तमाम किताबों और तमाम योग गुरुओं ने अभी तक तो यही दावा किया है कि योगा करने से चित्त शांत होता है. मन के विकार दूर हो जाते हैं, लोगों के प्रति गुस्सा और नफरत कम हो जाती है.

लेकिन सिर काट लेने का विचार आना तो शांत और स्थिर चित्त की निशानी नहीं है. गुरुजी, ये लगता है कोई उल्टा आसन हो गया.

वाणी में अगर हम-आप संयम नहीं रख पाए तो बस सारी योग विद्या धरी की धरी रह जाएगी.

कुछ दोष पिशाच दोष होते हैं जो एक बार हो गए तो फिर आप चाहें जो कर लें ठीक नहीं होते. सड़क चलता आदमी मार-काट की बात करे तो शायद लोग उतनी गंभीरता से नहीं लेंगे. लेकिन, विशुद्ध शाकाहारी प्रोडक्ट के नाम पर करोड़ों कमा रहा ब्रांड एंबेसेडर अचानक गर्दन काटने की बात करे तो मामला फंसेगा ही फंसेगा.

‘हाथ कानून से बंधे है वरना लाखों सिर काटने का साहस है’

‘भारत माता की जय’ बोलने को लेकर विवाद गहराता जा रहा है. इस विवाद में अब योगगुरु बाबा रामदेव को कूदने की क्या जरूरत थी? हरियाणा के रोहतक में एक कार्यक्रम के दौरान रामदेव ने यह भड़काऊ और विवादित बयान दिया.

उन्होंने बिना नाम लिए एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पर वार किया और कहा कि कुछ लोग कहते हैं कि सिर भी काट दो तो भी भारत माता की जय नहीं बोलूंगा. उन्हें यह नहीं पता कि अगर कानून से हाथ बंधे नहीं होते तो लाखों सिर धड़ से अलग कर देते.

उन्होंने कहा कि आज कल कुछ लोग टोपी पहन कर ये कहते हैं कि चाहे सिर धड़ से अलग हो जाए वे भारत माता की जय नहीं बोलेंगे. लेकिन शायद उन्हें ये पता नहीं कि देश के कानून का सम्मान करते हैं. नहीं तो अगर कोई भारत माता का अपमान करे तो लाखों सिर धड़ से अलग कर सकते हैं.

भारत बोल रहा है